जब भाजयुमो जिला अध्यक्ष ने ही रोक दिया हाईवे गरियाबंद के मूडागांव में सीसी सड़क नहीं बनने से नाराज भाजयुमो जिला अध्यक्ष हेमंत नागेश ने ग्रामीणों के साथ NH-130C जाम किया। कांग्रेस ने भाजपा सरकार के विकास दावों पर सवाल उठाए पढ़ें पूरी खबर पैरी टाईम्स पर।
गरियाबंद कहते हैं कि सत्ता में रहकर विकास कराना आसान होता है, लेकिन गरियाबंद जिले के देवभोग क्षेत्र में एक ऐसा नजारा देखने को मिला जिसने इस धारणा पर ही सवाल खड़े कर दिए। यहां भारतीय जनता युवा मोर्चा (भाजयुमो) के जिला अध्यक्ष हेमंत नागेश को अपने ही गृह ग्राम की सड़क बनवाने के लिए सैकड़ों ग्रामीणों के साथ राष्ट्रीय राजमार्ग-130C पर धरना देना पड़ा। यह दृश्य ऐसा था मानो सरकार से सरकार ही जवाब मांग रही हो।

जब भाजयुमो जिला अध्यक्ष ने ही रोक दिया हाईवे गरियाबंद के मूडागांव में सीसी सड़क नहीं बनने पर सियासी ड्रामा
देवभोग थाना क्षेत्र के मूडागांव के आश्रित ग्राम करलाकोट में पिछले दो वर्षों से ग्रामीण सीसी सड़क निर्माण की मांग कर रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि हर बारिश में गांव की गलियां कीचड़ से भर जाती हैं। हालात ऐसे हो जाते हैं कि एंबुलेंस तक गांव में प्रवेश नहीं कर पाती। स्कूली बच्चों से लेकर बुजुर्गों और मरीजों तक सभी को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है।इन्हीं समस्याओं से नाराज होकर भाजयुमो जिला अध्यक्ष हेमंत नागेश ग्रामीणों के साथ सड़क पर उतर आए और राष्ट्रीय राजमार्ग-130C को जाम कर दिया।
बुनियादी सुविधाओं की मांग के लिए सड़क पर उतरने हुए मजबूर
हालांकि प्रशासन पहले से सतर्क था। भारी पुलिस बल की मौजूदगी में प्रदर्शनकारियों को करीब एक घंटे के भीतर हाईवे से हटाकर यातायात बहाल करा दिया गया।प्रदर्शन के दौरान हेमंत नागेश ने प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि ग्रामीण वर्षों से आवेदन दे रहे हैं, लेकिन उनकी मांगों को लगातार नजरअंदाज किया जा रहा है। उनका कहना था कि जिस तेजी से प्रशासन आंदोलन समाप्त कराने पहुंचा, यदि उसी तत्परता से गांव की सड़क बनवाने का प्रयास किया जाता तो आज ग्रामीणों को सड़क पर उतरने की नौबत नहीं आती।इस पूरे घटनाक्रम ने राजनीतिक गलियारों में भी हलचल मचा दी।
भाजपा नेता ने किया हाईवे जाम, कांग्रेस ने मौके पर पहुंचकर सरकार पर साधा निशाना
भाजपा के जिला स्तरीय नेता को अपनी ही सरकार के खिलाफ धरने पर बैठा देख कांग्रेस ने भी मौके को हाथ से नहीं जाने दिया। कांग्रेस जिला अध्यक्ष सुखचंद बेसरा प्रदर्शन स्थल पर पहुंचे। हालांकि उनके पहुंचने से पहले पुलिस धरना समाप्त करा चुकी थी, लेकिन उन्होंने गांव का जायजा लेकर भाजपा सरकार के विकास मॉडल पर सवाल खड़े कर दिए।बेसरा ने तंज कसते हुए कहा कि जब सत्तारूढ़ दल के जिला अध्यक्ष को अपने ही गांव की सड़क बनवाने के लिए हाईवे जाम करना पड़ रहा है, तब आम जनता की स्थिति का सहज अंदाजा लगाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि यदि भाजपा अपने नेताओं के गांव की मूलभूत सुविधाएं तक नहीं दिला पा रही है, तो बाकी गांवों के विकास के दावे केवल कागजों तक ही सीमित दिखाई देते हैं।
प्रशासन मौके पर पहुंचा एक बार फिर मिला आश्वासन
उधर प्रशासन का कहना है कि प्रदर्शन समाप्त करा दिया गया है और ग्रामीणों की मांगों को गंभीरता से लिया जाएगा। तहसीलदार अजय चंद्रवंशी ने बताया कि हाईवे से प्रदर्शनकारियों को हटाकर यातायात सामान्य कर दिया गया है। ग्रामीणों का ज्ञापन प्राप्त कर लिया गया है, जिसे आगे की कार्रवाई के लिए उच्च अधिकारियों को भेजा जाएगा।फिलहाल मूडागांव की यह तस्वीर कई सवाल छोड़ गई है। सत्ता पक्ष का नेता ही सड़क के लिए आंदोलन करे, विपक्ष मौके पर पहुंचकर सरकार को घेर ले और प्रशासन आश्वासन देकर मामला शांत करा दे यह पूरा घटनाक्रम देवभोग की स्थानीय राजनीति में चर्चा का विषय बन गया है। अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या करलाकोट को वर्षों से इंतजार कर रही सीसी सड़क मिलेगी, या फिर अगली बारिश में कीचड़ ही विकास की असली तस्वीर बयान करेगा?