छत्तीसगढ़ कांग्रेस का बड़ा दांव गरियाबंद जिला कांग्रेस कमेटी की नई कार्यकारिणी घोषित, सुखचंद बेसरा की टीम में आबिद ढेबर,सन्नी मेमन, समेत 50+ नेताओं को मिली बड़ी जिम्मेदारी, देखें पूरी सूची और पदनामों की विस्तृत जानकारी हमारे वेब पोर्टल पर।
गरियाबंद छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने संगठन को नई धार देने के लिए गरियाबंद जिला कांग्रेस कमेटी की बहुप्रतीक्षित और आधिकारिक कार्यकारिणी सूची जारी कर दी है। प्रदेश अध्यक्ष के निर्देश और प्रभारी महामंत्री (संगठन) मलकीत सिंह गैदू के हस्ताक्षरित इस आदेश ने जिले की राजनीति में नई हलचल पैदा कर दी है। इस नई टीम में पुराने दिग्गजों के अनुभव के साथ-साथ युवाओं के जोश को तरजीह दी गई है।

छत्तीसगढ़ कांग्रेस का बड़ा दांव आबिद मेमन ,सन्नी मेमन जैसे युवा चेहरों का दबदबा
इस पूरी सूची में सबसे चर्चित नामों में से एक सन्नी मेमन का है, जिन्हें उपाध्यक्ष की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई है। सन्नी मेमन के साथ-साथ आबिद ढेबर को कोषाध्यक्ष बनाया गया है, जो संगठन के भीतर एक मजबूत पकड़ और रणनीति का संकेत है। उपाध्यक्षों की सूची में तपेश्वर सिंह ठाकुर, श्रीमती पुष्पा साहू, राजकुमार प्रधान और डॉ. चिराग अली जैसे कद्दावर नाम शामिल हैं, जो जिले में कांग्रेस के आधार को और मजबूत करेंगे।
रणनीतिक समीकरण और भविष्य की राह
कांग्रेस के स्थानीीय विशेषज्ञों का मानना है कि गरियाबंद जिले की यह नई कार्यकारिणी आगामी चुनावों और संगठन विस्तार को ध्यान में रखकर चुनी गई है। जिला अध्यक्ष सुखचंद बेसरा के मार्गदर्शन में यह टीम अब जिले के कोने-कोने में सरकार की नीतियों (विपक्ष के रूप में सक्रियता) और संगठन के एजेंडे को लेकर जाएगी। इस घोषणा के बाद से ही जिले भर में जश्न का माहौल है और नवनियुक्त पदाधिकारियों के समर्थकों में भारी उत्साह देखा जा रहा है।
संगठनात्मक ढांचा: महामंत्री और सचिवों की फौज
संगठन को जमीनी स्तर पर सक्रिय करने के लिए कांग्रेस ने एक ‘जंबो टीम’ तैयार की है:
- महामंत्री: ओंकार सिंह ठाकुर, हाफिज खान, राजेश साहू और चैतन सिन्हा जैसे 17 नेताओं को संगठन की रीढ़ माना जाने वाला महामंत्री पद दिया गया है।
- सचिव: कुल 27 सचिवों की नियुक्ति की गई है, जिनमें यशवंत सोरी, बिसाहू सिन्हा और प्रकाश कुमरा जैसे नाम शामिल हैं, जिन्हें पंचायत स्तर तक पार्टी का संदेश पहुँचाने का जिम्मा मिला है।
- कार्यकारी सदस्य: होमन साहू, श्रवण सतपथी और श्रीमती सुनीता श्रीवास्तव सहित 10 सदस्यों को कार्यकारिणी में जगह देकर समावेशी राजनीति की कोशिश की गई है।