गरियाबंद में रेत माफियाओं पर प्रशासन का बड़ा प्रहार अवैध रेत उत्खनन पर राजस्व और खनिज विभाग की संयुक्त टीम ने बड़ी कार्रवाई दो रेत खदान में अवैध उत्खनन के रास्ते को मशीनों से खोदकर बंद किया गया पढ़े पूरी ख़बर पैरी टाईम्स।
गरियाबंद महानदी की रेत पर किसका राज चल रहा था और किसके इशारे पर अवैध उत्खनन का खेल जारी था? राजिम क्षेत्र में अवैध रेत उत्खनन को लेकर प्रशासन ने आखिरकार ऐसा कदम उठाया कि रेत निकालने के रास्ते ही जमीन में दफन कर दिए। चौबेबांधा और पितईबंद रेत खदान में चल रहे कथित अवैध रेत उत्खनन के खिलाफ राजस्व और खनिज विभाग की संयुक्त टीम ने बड़ी कार्रवाई की है।
इस कार्रवाई में प्रशासन ने सिर्फ मौके पर पहुंचकर निरीक्षण करने या औपचारिक चेतावनी देने तक खुद को सीमित नहीं रखा, बल्कि अवैध रूप से रेत निकालने के लिए इस्तेमाल किए जा रहे रास्तों को ही बंद करने का अभियान चलाया।

गरियाबंद में रेत माफियाओं पर प्रशासन का बड़ा प्रहार रास्ता बंद, मशीनों से खोदी गई जमीन
जानकारी के मुताबिक, राजिम क्षेत्र के चौबेबांधा और पितईबंद रेत खदान में अवैध रूप से रेत उत्खनन किए जाने की शिकायतों और गतिविधियों के मद्देनजर राजस्व एवं खनिज विभाग की संयुक्त टीम मौके पर पहुंची। टीम ने उन रास्तों को निशाना बनाया, जिनके जरिए रेत निकालने का काम किया जा रहा था।
कार्रवाई के दौरान चैन माउंटेन मशीन और जेसीबी मशीन को मौके पर ले जाया गया। इन मशीनों की मदद से रेत खदान तक पहुंचने वाले रास्तों को खोदकर क्षतिग्रस्त कर दिया गया, ताकि वहां से रेत का अवैध परिवहन और उत्खनन नहीं हो सके।
रेत का खेल रोकने प्रशासन ने अपनाया सख्त तरीका
रेत उत्खनन को लेकर राजिम क्षेत्र पहले भी चर्चाओं में रहा है। नदी के प्राकृतिक स्वरूप और पर्यावरण पर पड़ने वाले प्रभावों के बीच अवैध उत्खनन का मुद्दा लगातार चिंता का विषय बना हुआ है। ऐसे में संयुक्त विभागीय कार्रवाई को अवैध रेत कारोबार पर प्रशासन के सख्त रुख के रूप में देखा जा रहा है।
हालांकि, इस कार्रवाई के बाद सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या रास्ते खोद देने भर से अवैध रेत उत्खनन का खेल पूरी तरह बंद हो जाएगा? या फिर कुछ दिनों बाद रेत निकालने के लिए नए रास्ते तैयार कर लिए जाएंगे?
अब देखना होगा कि प्रशासन की यह कार्रवाई कितनी प्रभावी साबित होती है और क्या चौबेबांधा-पितईबंद में अवैध उत्खनन पर स्थायी रोक लग पाती है।