गरियाबंद में उफनती नदी बनी काल सहसपुर में उफनती नदी पार करते समय 55 वर्षीय थनवार राम यादव तेज बहाव में बह गए। ग्रामीण लगातार तलाश में जुटे हैं, जबकि घटना के बाद प्रशासन के मौके पर देर से पहुंचने की बात सामने आई है।
गरियाबंद जिले के सहसपुर क्षेत्र में बुधवार सुबह एक दर्दनाक घटना सामने आई। ग्राम सहसपुर से धुरसा जाने के दौरान 55 वर्षीय थनवार राम यादव उफनती नदी को पार करने की कोशिश कर रहे थे। इसी दौरान तेज बहाव ने उन्हें अपनी चपेट में ले लिया और देखते ही देखते वे पानी में बह गए। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार लगातार बारिश के कारण नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ा हुआ था। पुल के ऊपर से तेज रफ्तार में पानी बह रहा था, लेकिन इसी बीच नदी पार करने का प्रयास भारी पड़ गया।

गरियाबंद में उफनती नदी बनी काल आंखों के सामने बह गया व्यक्ति, बेबस देखते रह गए ग्रामीण
घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। पुल के दोनों ओर लोगों की भीड़ जमा हो गई और स्थानीय लोग अपने स्तर पर थनवार राम यादव की तलाश में जुट गए। कई ग्रामीण नदी किनारे दूर-दूर तक खोजबीन करते रहे, लेकिन समाचार लिखे जाने तक उनका कोई पता नहीं चल सका।
प्रशासन के पहुंचने से पहले ग्रामीणों ने संभाली जिम्मेदारी
स्थानीय लोगों का कहना है कि घटना के बाद प्रशासनिक टीम मौके पर नहीं पहुंची थी। ग्रामीणों ने स्वयं खोज अभियान शुरू किया और आसपास के लोगों को सतर्क रहने की अपील की। प्रशासन की ओर से राहत एवं बचाव दल के पहुंचने का इंतजार किया जा रहा था।
बारिश के मौसम में सावधानी ही सबसे बड़ा बचाव
लगातार हो रही बारिश के कारण जिले की कई नदियां और पुल उफान पर हैं। ऐसे में प्रशासन भी लोगों से अपील कर रहा है कि पानी से ढके पुलों और तेज बहाव वाली नदियों को पार करने का जोखिम न उठाएं। थोड़ी सी लापरवाही जानलेवा साबित हो सकती है। मानसून के दौरान उफनती नदियों और पुलों को पार करना कितना खतरनाक हो सकता है। फिलहाल ग्रामीण थनवार राम यादव की तलाश में जुटे हैं और पूरे क्षेत्र में चिंता का माहौल है।